पुलिस अफसर करते हैं महिला पुलिस कर्मियों का शोषण

प्रतिदिन समाचार में महिलाओं से छेड़छाड़ की घटनाएं सामने आती हैं।सरकार इस पर गंभीर कदम उठा रही है,महिलाओं,बच्चियों की सुरक्षा पर चौकसी बरती जा रही है।
बलात्कारियों को फांसी भी दी जाती है।
अब सबसे गंभीर बात यह है,कि जनता के रक्षक के रूप में भारतीय पुलिस सेवा में चयनित अधिकारी जब अपनी मातहत महिला कर्मियों के सम्मान हनन की चेष्टा करते हैं,उनका मानसिक और शारीरिक शोषण करने का प्रयास करते हैं,इससे गंभीर और चिंताजनक बात क्या होगी।पुलिस विभाग में कार्यरत महिलाएं अपने वरिष्ठ अधिकारी की शिकायत करने से भी डरती हैं,क्योंकि शिकायत करेंगी तो नाम चर्चा में आएगा,और शिकायत जिनसे करेंगी वो अधिकारी का समर्थन ही करेंगे।इस प्रकार प्रताड़ित महिला पुलिस अधिकारी चुपचाप सहने की आदी हो जाती हैं।अधिक प्रताड़ित होने पर अगर किसी ने शिकायत की तो उल्टा शिकायत कर्ता को ही अपराधी मान लिया जाता है।
यह सब यथार्थ है,मेरे मन की उपज नहीं है।कल रात एक महिला पुलिस अधिकारी ने मुझे विस्तार से उन पर होने वाले अन्याय से अवगत कराया।
भारत सरकार के ग्रह मंत्रालय को इस पर संज्ञान लेना चाहिए,और विभाग में ऐसी व्यवस्था होनी चाहिए कि महिला पुलिस कर्मियों के लिए प्रथक से गोपनीय शिकायत सेल बनाकर बिना नाम उजागर किए शिकायत की प्रमाणिकता के आधार पर दोषी अधिकारी के विरूद्ध  प्रभावी कार्यवाही हो सके।

Comments

Popular posts from this blog

" कश्मीरी हिन्दुओं पर अत्याचार का दोषी कौन "

आशा की अंधेरी साँझ और तनहाई में दम तोड़ती करोड़पति माँएं

Atrocities Act पर एक नजर